The video owner has disabled playback on external websites.
This video is no longer available on YouTube.
This video cannot be played right now.
Watch on YouTube
Desbloquea herramientas de aprendizaje con IA
Regístrate para acceder a herramientas potentes que te ayudan a aprender más rápido con cada video.
Real Story of Dunki | How Indians Cross US Mexico Border? | Donkey Process | Dhruv Rathee
Estadísticas de aprendizaje
Nivel MCER
Dificultad
Subtítulos (546 segmentos)
नमस्कार दोस्तों गुजरात की राजधानी
गांधीनगर से करीब 13 किलोमीटर दूर एक गांव
है डिंगू चा नाम से वैसे तो इस गांव की
जनसंख्या 3000 लोगों के आसपास है लेकिन
आधे से ज्यादा घरों पर यहां ताले लगे पड़े
हैं बताया जाता है कि 1800 के करीब गांव
वाले अब डिंक कुचा में नहीं रहते यह लोग
ना सिर्फ अपना गांव बल्कि देश भी छोड़कर
चले गए को जॉब नहीं मिलती थी तो इसे अच्छा
तो परदेश में अच्छा रहेगा अमेरिका नहीं
जाएंगे तो हमारे बच्चे की लाइफ इधर है
नहीं आज भी डिंक कुचा में जगह-जगह पर ऐसे
पोस्टर्स लगे हैं स्टडी इन यूके कनाडा
फ्री एप्लीकेशन ऑफर लेटर इन थ्री डेज सबसे
ज्यादा ऐड अगर आपको इस गांव में किसी चीज
की दिखेगी तो वो है यूएस और कनाडा वीजा
लेने की कई ऐड्स में तो सीधा लिखा गया है
कि आपको वीजा मिल जाएगा बिना कोई एग्जाम
दिए जनवरी 2022 की बात है अपने गांव में
बाकी लोगों को अमेरिका जाता देख डिंक कुचा
के एक परिवार ने यही करने का फैसला किया
29 साल के जगदीश पटेल अपनी पत्नी और दो
बच्चों के साथ कैनेडा की फ्लाइट पकड़ते
हैं अपने गांव में पहले य एक टीचर की
नौकरी किया करते थे और बाद में अपने भाई
के गारमेंट बिजनेस में हाथ बटा थे लेकिन
इनकी कमाई पूरे परिवार की महीने की कमाई
सिर्फ 9 से ₹ हज हो पाती थी जाहिर सी बात
है पैसों की कमी के चलते और बेरोजगारी की
वजह से इन्होंने ये फैसला लिया बड़ी
मुश्किल से ₹ लाख इकट्ठे कर पाते हैं एक
एजेंट को देने के लिए जो इन्हें अमेरिका
तक लेकर जाएगा डोंकी प्रोसेस के थ्रू इनकी
पत्नी वैशाली बेन का सपना था कि वह
अमेरिका में जाकर एक ब्यूटी सैलून में काम
करें और जगदीश अपने बच्चों को बेहतर
एजुकेशन देना चाहते थे इस आखिरी उम्मीद
में यह अपना गांव छोड़ते हैं और 12 जनवरी
को टोरंटो की फ्लाइट पकड़ते हैं इस डोंकी
प्रोसेस का मतलब था कि इनका एजेंट इन्हें
यूएस कैनेडा बॉर्डर के पास तक ड्रॉप कर
देगा और बाकी रास्ता इन्हें पैदल चलकर
जाना होगा और अमेरिकन बॉर्डर इलीगली क्रॉस
करना होगा और टोरंटो में लैंड करने के बाद
करीब एक हफ्ता ही बीता था कि पुलिस को
पूरे परिवार की लाशें मिलती हैं बॉर्डर से
सिर्फ 12 मीटर
[संगीत]
[संगीत]
दूर इ चारों ने बेहद बर्फीले मौसम में दम
तोड़ दिया था यह शायद इस बात से अनजान थे
कि यहां पर माइ 35 डिग्री सेल्सियस की थंड
में इन्ह बॉर्डर क्रॉस करना पड़ सकता है
एक बहुत ही दर्दनाक अंत इस कहानी का लेकिन
जगदीश का परिवार इकलौता नहीं है ऐसा हर
साल हजारों की संख्या में इंडियंस कोशिश
करते हैं इलीगली यूएस यूके जैसे देशों में
जाने की इस डोंकी प्रोसेस के जरिए और
इनमें से कई सारे अपनी जान गवा देते हैं
इस कोशिश में यही कारण यूएस मेक्सिको
बॉर्डर को वर्ल्ड्स मोस्ट डेंजरस बॉर्डर
कहा जाता है इसी मुद्दे पर एक नई फिल्म आई
है राजकुमार हिरानी और शाहरुख खान की डंकी
नाम से तो मैंने सोचा यह एक अच्छा मौका
होगा इस प्रोसेस को ढंग से समझने का आइए
जानते हैं इस डोंकी प्रोसेस की असलियत आज
के इस वीडियो
[संगीत]
में ये जो पूरा प्रोसेस है दोस्तों बिना
वीजा के किसी देश में जाने का बैकडोर
इल्लीगल एंट्री करने का इसे डोंकी फ्लाइट
या डोंकी प्रोसेस का नाम दिया जाता है
शुरुआत में इस शब्द को सिर्फ यूके के लिए
इस्तेमाल किया जाता था कई इंडियंस यूके तक
इस तरीके से जाने के लिए पहले यूरोप की
शगन जोन में जाते थे ये 27 यूरोपियन देशों
की एक जोन है जहां पर सिर्फ एक शें वीजा
की जरूरत होती है इनमें से किसी भी देश का
वीजा हो तो बिना दूसरे देश के वीजा के
बॉर्डर क्रॉस किया जा सकता है हालांकि
यूके कभी भी शेंग जोन का हिस्सा नहीं रहा
लेकिन यूरोप काफी पास आ जाता है यूके के
लोग अलग-अलग तरीकों से यूरोप के थ्रू होते
हुए यूके घुसने की कोशिश करते थे कुछ लोग
ट्रकों में ट्रैवल करते कुछ लोग गाड़ियों
में तो कुछ लोग पैदल चलकर घंटों घंटों तक
ये सफर तय करते हैं माइग्रेशन पॉलिसी
इंस्टिट्यूट की एक स्टेटिस्टिक्स
हर महीने करीब 150 इंडियंस को डिपोर्ट
किया जाता था यूके से लेकिन आज के दिन यह
डंकी डोंकी प्रोसेस हर तरीके की बैक डोर
एंट्रेंस के लिए इस्तेमाल किया जाता है
ज्यादातर लोग आज के दिन यूके की जगह
अमेरिका जाने की सोचते हैं इस डंग की
प्रोसेस के जरिए इंडिया में हजारों वीजा
एजेंसीज और कंपनीज हैं जो ये काम करवाती
हैं इन कंपनीज में जो एजेंट्स लोगों को
इधर से उधर ट्रांसपोर्ट करने का काम करते
हैं इन्हें डॉकर्स कहा जाता है सबसे
ज्यादा इल्लीगल इमीग्रेंट एक्सपोर्ट करने
के लिए इंडिया में दो स्टेट्स बहुत फेमस
हैं गुजरात और पंजाब लेकिन रिसेंट इयर्स
में बढ़ती बेरोजगारी के चलते हरियाणा भी
इस मुकाबले में काफी आगे निकल गया है
कितना प्राइस ये एजेंसीज चार्ज करती हैं
ये डिपेंड करता है कि आप इनका कौन सा
पैकेज लोगे मजाक नहीं कर र इनके सही में
पैकेजेस होते हैं एक डीलक्स ट्रेवल पैकेज
जिसमें आपके लिए फेक डॉक्यूमेंट बनवाए
ट्रेवल में आपको असिस्ट करेंगे एक इकॉनमी
Subtítulos completos disponibles en el reproductor
Practica con ejercicios
Genera ejercicios de vocabulario, gramática y comprensión de este video
Comentarios (0)
Inicia Sesión para ComentarRegístrate para desbloquear todas las funciones
Sigue tu progreso, guarda vocabulario y practica con ejercicios
Modo interactivo
Cuestionario
Respuesta correcta:
Vídeos relacionados
Ganesh Utsav Mumbai में ही ज्यादा क्यों मानते है ? 💭 | Why we celebrate Ganesh Chaturthi in Hindi
PKL Highlights: Patna Pirates vs Haryana Steelers | Pro Kabaddi League Season 12 | Hindi
Pushkar Complete Travel Guide | Brahma Mandir, Pushkar Lake, Desert Safari & Best Luxury Hotels
Game of Thrones 8x01 | Jon Meets Arya | English Subtitles | 1080p
What is a network? | How many types of networks are there? | What is network?| LAN, MAN, WAN #net...
Dhruv Rathee
Cuestionario
Respuesta correcta:
Los quizzes aparecen mientras ves el video
Truco para recordar
De este video
Aprende idiomas gratis